यह है दुनिया के टॉप बल्लेबाज, जिनसे खौफ खाते हैं गेंदबाज

क्रिकेट प्रशंसकों के बीच अक्सर यह चर्चा होती है कि वनडे क्रिकेट का सर्वश्रेष्ठ बल्लेबाज कौन है। इस मामले में प्रशंसकों से लेकर आलोचक तक बंटे हुए हैं। किसी का मानना है कि सचिन तेंदुलकर सर्वश्रेष्ठ बल्लेबाज हैं तो किसी का कहना है ब्रायन लारा। इनके अलावा महेन्द्र सिंह धोनी, एबी डिविलियर्स जैसे आधुनिक सितारों के कारनामे भी अपनी जगह है। रिकॉर्डों पर नजर डाले तो सचिन को चुनौती देने वाला कोई नहीं है वहीं मैच जिताने के आधार पर देखा जाए तो एडम गिलक्रिस्ट, एमएस धोनी जैसे सितारे आगे रहते हैं। इसलिए हम आपको रिकॉर्ड और काबिलियत दोनों के आधार पर बता रहे हैं वर्ल्ड क्रिकेट के टॉप-10 बल्लेबाजों के बारे में।

महेन्द्र सिंह धोनी : दुनिया के एकमात्र कप्तान जिन्होंने वनडे वर्ल्ड कप, टी20 वर्ल्ड कप और चैंपियंस ट्रॉफी जीते हैं। 2011 वर्ल्ड कप के फाइनल में उन्होंने छक्का लगाकर भारत को 28 साल वर्ल्ड चैंपियन बनाया था। धोनी को दुनिया का सर्वश्रेष्ठ फिनिशर कहा जाता है। उनके रिकॉर्ड इस बात को साबित करते हैं दबाव के बीच भी सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करने में उनसे बेहतर कोई नहीं है। धोनी ने 270 वनडे 52.26 की जबरदस्त औसत से 8832 रन बनाए हैं। वे रिकॉर्ड 67 बार नाबाद रहे हैं। अपनी टीम को कई मौकों पर उन्होंने जीत दिलाई। टीम को टेस्ट और वनडे में नंबर एक बनाने का श्रेय भी उन्हें जाता है। इसी साल खेले गए वर्ल्ड कप में भी वे टीम इंडिया को सेमीफाइनल तक ले गए थे।

सचिन तेंदुलकर : क्रिकेट के भगवान कहे जाने वाले सचिन निसंदेह रूप से वनडे क्रिकेट के सबसे शानदार बल्लेबाज हैं। उन्होंने अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में 100 सैंकड़े शतक जमाए हैं और वनडे में दोहरे शतक जमाने वाले पहले क्रिकेटर हैं। वनडे क्रिकेट में सबसे ज्यादा शतक उनके नाम हैं। जिसमें सबसे ज्यादा रन, सबसे ज्यादा चौके, सबसे ज्यादा मैन ऑफ द मैच जैसे बड़े रिकॉर्ड शामिल हैं। क्रिकेट को अलविदा कहने से पहले वे वर्ल्ड कप विजेता टीम के सदस्य भी बन गए। उन्होंने 453 वनडे खेले और 18426 रन बनाए। जिसमें 49 शतक और 96 फिफ्टी शामिल हैं। 21 साल तक चले अपने कॅरियर में उन्होंने शेन वार्न, ग्लेन मैक्ग्राथ, मुरलीधरन, वकार युनूस वसीम अकरम और एलन डोनाल्ड से लेकर आधुनिक समय के तूफानी गेंदबाजों लसित मलिंगा, मिचेल जॉनसन, डेल स्टेन तक का सामना किया और जोरदार रन बटोरे।

विवियन रिचर्ड्स : वेस्ट इंडीज के विवियन रिचर्ड्स को सबसे आक्रामक क्रिकेटर माना जाता है। अपनी बल्लेबाजी स्टाइल और मैदान पर मौजूदगी से वे तगड़ी से तगड़ी गेंदबाजी लाइन की बखिया उधेड़ देते थे। अपने कॅरियर में उन्होंने कभी हेलमेट नहीं पहना। रिचर्ड्स की धमाकेदार पारियों के बूते वेस्ट इंडीज की टीम दो बार वर्ल्ड चैंपियन बनी। उन्होंने 147 वनडे खेेले और 47 की औसत से 6721 रन बनाए। उनके रनों की सबसे बड़ी खासियत यह थी कि 80 और 90 के दशक में आज के बल्लेबाजों की तरह बेखौफ खेलते थे और छक्के उड़ाने में माहिर थे।

माइकल बेवन : वनडे क्रिकेट में आज जिस नंबर छह और सात की सबसे ज्यादा पूछ होती है उसे इतनी तवज्जो ऑस्ट्रेलिया के माइकल बेवन ने दिलाई। माइकल बेवन क्रिकेट के पहले बल्लेबाज थे जिन्होंने फिनिशर जैसी टर्म को जन्म दिया। बेवन नंबर छह पर उतरते और तेजतर्रार छोटी-छोटी पारियां खेलकर स्लॉग ओवर्स का पूरा फायदा उठाते। बेवन ने 232 वनडे में 53.58 की लाजवाब औसत से 6912 रन बनाए। सबसे अहम बात यह थी कि बेवन ने पुछल्ले बल्लेबाजों के साथ साझेदारी कर सकने की अपनी कला का बखूबी इस्तेमाल करते हुए ऑस्ट्रेलिया को कई मौकों पर हार के मुंह से निकाल जीता ले गए।

वीरेन्द्र सहवाग : वनडे क्रिकेट में दोहरा शतक उड़ाने वाले दूसरे बल्लेबाज वीरेन्द्र सहवाग की बैटिंग स्टाइल गेंदबाजों की नींद उड़ा दिया करती थी। वनडे में पहली ही गेंद पर चौका उड़ाने के लिए सहवाग की काफी तारीफ होती थी। कैसी भी कंडीशन रही हो सहवाग हमेशा चौके-छक्के लगाने पर ध्यान देते थे। उनका मानना था कि जब हम एक गेंद पर चार या छह रन ले सकते हैं तो सिंगल पर ध्यान क्यों दे। सहवाग ने 251 वनडे खेलकर 35.05 की औसत से 8273 रन बनाए। अपनी आक्रामक बैटिंग स्टाइल के चलते सहवाग शुरुआती 10 ओवर्स में ही विपक्षी टीम के हौंसले तोड़ दिया करते थे। सहवाग की 104 की स्ट्राइक रेट वनडे क्रिकेट में सबसे ज्यादा है।

एडम गिलक्रिस्ट : ऑस्ट्रेलिया के तूफानी विकेटकीपर बल्लेबाज एडम गिलक्रिस्ट को अकेले दम पर विपक्षी टीम को नेस्तनाबूद करने के लिए जाना जाता है। गिलक्रिस्ट की सफलता ने ही अन्य टीमों को यह सोचने पर मजबूर किया विकेटकीपर को एक अच्छा बल्लेबाज भी होना चाहिए। गिलक्रिस्ट ने 287 वनडे में 35.89 की औसत और 96.94 की स्ट्राइक रेट से 9619 रन बनाए। साथ ही वनडे में 417 कैच और 55 स्टंप भी किए। ऑस्ट्रेलिया के लगातार तीन वर्ल्ड कप जीत में गिलक्रिस्ट अहम कड़ी थे। मैथ्यू हैडन के साथ मिलकर पारी की शुरुआत से गेंदबाजों पर हमला बोलना उनका चिरपरिचित अंदाज था।

एबी डिविलियर्स : 360 डिग्री क्रिकेटर के नाम से मशहूर दक्षिण अफ्रीका के एबी डिविलियर्स आज वनडे क्रिकेट के नंबर एक खिलाड़ी हैं। चौकों और छक्कों से चुटकियों में शतक बनाने की कला में वे मास्टर हो चुके हैं। बल्लेबाजी में उनके प्रयोगों ने गेंदबाजों का चैन छीन लिया है। क्रिकेट जगत में उनसे ज्यादा तरह के शॉट शायद ही कोई लगा पाए। अपनी तूफानी बल्लेबाजी के बूते वे 30 ओवर के बाद मैदान में आकर भी शतक ठोक देते हैं। डिविलियर्स ने अभी तक 195 वनडे खेले हैं और इनमें 54.21 की जबरदस्त औसत से 8403 रन बनाए हैं। वनडे क्रिकेट में सबसे तेज शतक लगाने का रिकॉर्ड भी उनके नाम है। इसी साल की शुरुआत में डिविलियर्स ने केवल 30 गेंद में वेस्ट इंडीज के खिलाफ सेंचुरी बनाई थी।

ब्रायन लारा : वेस्ट इंडीज के इस धाकड़ बल्लेबाज को ऑल टाइम ग्रेटेस्ट क्रिकेटर्स में गिना जाता है। उन्होंने 299 वनडे खेले और 40.48 की औसत से 10405 रन बनाए। विवियन रिचर्ड्स और क्लाइव लॉयड जैसे दिग्गजों के जाने के बाद वेस्ट इंडीज की बल्लेबाजी ब्रायन लारा के इर्द गिर्द ही घूमती थी। 90 के दशक में उनके और सचिन के बीच जबरदस्त प्रतिस्पर्धा थी। लारा ने वनडे से ज्यादा टेस्ट मेंकामयाबी पाई और रिकॉर्डों की झड़ी लगा दी। टेस्ट में सबसे बड़ा स्कोर(400*) और एक ओवर में सबसे ज्यादा रन(28) का कारनामा उन्होंने ही किया।

डीन जोंस : डीन जोंस ऑस्ट्रेलिया के सबसे कामयाब वनडे क्रिकेटर्स में से एक हैं। उन्होंने 164 मैच में सात शतकों और 46 अर्धशतकों की मदद से 6068 रन बनाए। जोंस 1987 में वर्ल्ड कप जीतने वाली ऑस्ट्रेलियन टीम के सदस्य थे। इस टूर्नामेंट में उन्होंने विकेटों के बीच दौड़, फील्डिंग और आक्रामक बल्लेबाजी के बूते खूब वाहवाही बटोरी। तेज गेंदबाजों के खिलाफ उनकी बल्लेबाजी देखने योग्य होती थी।

जावेद मियांदाद : जावेद मियांदाद को पाकिस्तान का अब तक का सर्वश्रेष्ठ बल्लेबाज माना जाता है। भारत के खिलाफ आखिरी गेंद पर छक्का लगाकर टीम को जिताकर उन्होंने प्रशंसा बटोरी। बाद में जब भी किसी बल्लेबाज ने ऐसा किया तो उसकी मियांदाद से ही तुलना की गई। सबस ज्यादा वर्ल्ड कप खेलने के मामले में वे सचिन तेंदुलकर के साथ सबसे आगे हैं, दोनों ने छह-छह वर्ल्ड कप खेले। उन्होंने 33 वर्ल्ड कप मैचों में 1083 रन बनाए। वनडे क्रिकेट में उनके नाम सबसे ज्यादा अर्धशतक(9) लगाने का रिकॉर्ड है। मियांदाद ने 233 वनडे में 41.70 की औसत से 7381 रन बनाए।

Comments (0)
Add Comment