T20 World Cup 2026: अहमदाबाद के नरेंद्र मोदी स्टेडियम में खेले गए सुपर-8 मुकाबले में भारतीय टीम को 76 रनों से हार का सामना करना पड़ा। लीग चरण में लगातार चार जीत दर्ज करने के बाद यह पहली बड़ी ठोकर थी, जिसने टीम की रणनीति और गेंदबाजी संयोजन पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए। दक्षिण अफ्रीकी बल्लेबाजों ने भारतीय आक्रमण को खुलकर निशाना बनाया और बड़े स्कोर का सफलतापूर्वक बचाव किया।
Key Takeaways
Quick Read- T20 World Cup 2026:
- अख्तर का बुमराह पर तीखा हमला
- ऑलराउंडर्स की रफ्तार पर सवाल
- अश्विन ने टीम चयन पर उठाए सवाल
अख्तर का बुमराह पर तीखा हमला
पाकिस्तान के पूर्व तेज गेंदबाज शोएब अख्तर ने एक ओटीटी प्लेटफॉर्म पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि जसप्रीत बुमराह को छोड़ दें तो कोई भी भारतीय गेंदबाज प्रभाव नहीं छोड़ सका। उनके मुताबिक भारतीय गेंदबाजी की कमजोरी इस मुकाबले में उजागर हो गई। उन्होंने कहा कि वरुण चक्रवर्ती अपनी सामान्य रफ्तार से पीछे दिखे और दक्षिण अफ्रीकी बल्लेबाजों ने उन पर दबाव नहीं बनने दिया। अख्तर ने यह भी टिप्पणी की कि डेथ ओवरों में भारतीय गेंदबाजों के पास धार नजर नहीं आई, जिसका पूरा फायदा विरोधी टीम ने उठाया।
ऑलराउंडर्स की रफ्तार पर सवाल
अख्तर ने हार्दिक पांड्या और शिवम दुबे की गेंदबाजी गति पर भी कटाक्ष किया। उनका कहना था कि मध्यम रफ्तार से की गई गेंदबाजी अंतरराष्ट्रीय स्तर पर खतरनाक साबित हो सकती है, खासकर तब जब सामने आक्रामक बल्लेबाज हों। अंतिम ओवरों में रन रोकने में नाकामी ने मैच का रुख पूरी तरह बदल दिया। आखिरी ओवर में 20 रन खर्च होना भारतीय टीम के लिए निर्णायक झटका साबित हुआ।
अश्विन ने टीम चयन पर उठाए सवाल
भारतीय दिग्गज स्पिनर रविचंद्रन अश्विन ने भी टीम प्रबंधन के फैसलों पर सवाल खड़े किए। अपने यूट्यूब चैनल पर उन्होंने कहा कि अक्षर पटेल जैसे भरोसेमंद खिलाड़ी को बाहर बैठाकर वॉशिंगटन सुंदर को शामिल करना समझ से परे है। उनके अनुसार आईपीएल की रणनीति और अंतरराष्ट्रीय टूर्नामेंट की जरूरतें अलग होती हैं। बड़े मंच पर स्थिर संयोजन और स्पष्ट भूमिकाएं ज्यादा अहम होती हैं।
टूटा जीत का सिलसिला, बढ़ी मुश्किलें
भारतीय टीम ने लीग चरण में शानदार प्रदर्शन किया था, लेकिन सुपर-8 में यह हार सेमीफाइनल की राह को जटिल बना गई है। अब टीम को अपने बचे हुए दोनों मुकाबलों में जीत दर्ज करनी होगी। इसके साथ ही अन्य टीमों के परिणामों पर भी निर्भर रहना पड़ेगा। बल्लेबाजी में भी उम्मीद के मुताबिक योगदान नहीं मिला, जिससे दबाव और बढ़ गया। यह हार सिर्फ अंक तालिका में नुकसान नहीं, बल्कि आत्मविश्वास पर भी असर डालने वाली साबित हो सकती है।