बड़ी पॉलिसी का प्रीमियम अब किश्तों में, फाइनेंशियली दबाव से मिलेगी राहत

Insurance premium EMI: बीमा पॉलिसी का सालाना प्रीमियम भरना कई बार लोगों के लिए चुनौती बन जाता है। खासकर हेल्थ, लाइफ या मोटर इंश्योरेंस जैसी पॉलिसियों में यह प्रीमियम काफी बड़ा हो सकता है। अब इस परेशानी से राहत मिल सकती है, क्योंकि कई बीमा कंपनियां प्रीमियम को आसान किस्तों यानी EMI में चुकाने का विकल्प दे रही हैं।
ईएमआई ऑप्शन हैं खास
वहीं EMI में भुगतान करने का सबसे बड़ा फायदा यह है कि आपको एक साथ बड़ी रकम निकालने की जरूरत नहीं पड़ती। उदाहरण के लिए, अगर आपकी हेल्थ इंश्योरेंस पॉलिसी का सालाना प्रीमियम 36,000 रुपये है, तो पहले इसे एकमुश्त देना पड़ता था। EMI विकल्प में इसे आप 12 महीने की 3,000 रुपये की मासिक किस्तों में चुका सकते हैं। इससे आपकी मासिक बजटिंग आसान हो जाती है और अचानक आर्थिक दबाव नहीं पड़ता।
ये ऑप्शन हैं खास
बता दें EMI विकल्प कई तरीके से उपलब्ध हैं। कुछ बैंक और बीमा कंपनियां क्रेडिट कार्ड EMI की सुविधा देती हैं, जिसमें आप प्रीमियम को 3, 6 या 12 महीने में बांट सकते हैं। कुछ फिनटेक प्लेटफॉर्म भी डिजिटल पेमेंट के जरिए EMI ऑफर करते हैं। वहीं, कुछ बैंक पर्सनल लोन जैसी स्कीम के जरिए प्रीमियम को किस्तों में चुकाने का विकल्प भी देते हैं।
ये बातें आएगी काम
ध्यान रखने वाली बात यह है कि EMI में ब्याज जोड़ सकता है, इसलिए यह देखना जरूरी है कि किस विकल्प पर कितना अतिरिक्त खर्च लगेगा। साथ ही, EMI समय पर न चुकाने पर पॉलिसी लैप्स हो सकती है और आपका कवरेज खत्म हो सकता है।
इस सुविधा से मध्यमवर्गीय परिवारों को सबसे ज्यादा फायदा होगा, क्योंकि वे अपनी मासिक आय के हिसाब से किस्तें मैनेज कर सकते हैं। सही EMI विकल्प चुनकर आप न सिर्फ अपनी पॉलिसी बनाए रख सकते हैं, बल्कि अपनी आर्थिक स्थिरता भी सुरक्षित रख सकते हैं।