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इस नदी में पानी नहीं , बहता है खून, जानें क्या है रहस्य

हमारी पृथ्वी पर बहुत सी नदियां हैं और इनमें बहने वाला पानी हमारे लिए सबसे बड़ा जल स्रोत है। क्या आप जानते हैं कि हमारी धरती पर ही एक ऐसी जगह भी है जहां धरती से पानी नहीं खून निकलता है। यह रहस्य Antarctica के गर्भ में छिपा है।

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यह तो हम सब जानते हैं कि Antarctica ऐसी जगह है जहां 12 महीने बर्फ जमी रहती है, लेकिन वहीं एक जगह ऐसी भी है जहां से पानी खून जैसा निकलता है। Antarctica की मैक-मरडो की घाटी स्थित टॉयलेर ग्लेशियन में एक ऐसा वॉटरफॉल है, जहां बहने वाले पानी का रंग खून की तरह लाल होता है। इसी वजह से इस वॉटफॉल का नाम ही ब्लड फॉल पड़ गया है।


इस वॉटरफॉल को देखने से लोग परहेज करते हैं, क्योंकि उनका मानना है कि यहां कोई आत्वा वास करती है, जो लोगों को मार देती है और उनके खून की वजह से ही यहां से निकलने वाला पानी लाल होता है। टॉयलर ग्लेशियर की खोज 1911 में अमरीकी जीव विज्ञानी ग्रिफिथ टॉयलर ने की थी। यह ब्लड फॉल पांच मंजिला इमारत जितना ऊंचा है और इसके पानी में 17 तरह के सूक्ष्म जीव पाए जाते हैं।

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जीव विज्ञानिकों की मानें तो इस ग्लेशियर के नीचे बहने वाली झील जमकर ग्लेशियर में तब्दील हो गई और ग्लेशियर में दरार पडऩे से पानी धीर धीरे बहता रहता है। पानी मे मौजूद आयरन ऑक्साइड जब हवा के संपर्क में आता है तो उसका रंग लाल हो जाता है, जिसकी वजह से पानी का रंग खून जैसा दिखाई देता है। हालांकि इस तथ्य पर वैज्ञानिक दावा नहीं करते, यह केवल उनका नजरयिा है।

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