News in Hindi

दुनिया भर में इन कंपनियों में नहीं है कोई बॉस, जानें कैसे होता है काम

किसी भी कंपनी की कल्पना बॉस के बिना नहीं की जा सकती है। यह कुछ ऐसा होगा कि स्टूडेंट्स से भरी एक क्लास का कोई मॉनिटर ही न हो। अगर क्लास में मॉनिटर न हो तो स्टूडेंट्स कितना शोर करते हैं। अब सोचिए, कि अगर क्लास का हर स्टूडेंट खुद को माइंड करने लगे तो। हाल ही देश की सबसे बड़ी ऑटोमोबील कंपनी टाटा मोटर्स ( TATA MOTORS ) ने सभी कर्मचारियों के डेजिगनेशन समाप्त किए हैं।

टाटा मोटर्स ने ऐसा टीम वर्क को बढ़ावा देने के लिए किया है। कंपनी का दावा है कि इस कदमम से समानता को बढ़ावा मिलेगा। टाटा मोटर्स भारत की शायद पहली ऐसी कंपनी है जिसकी बागडोर अब बॉसेस के नहीं बल्कि कर्मचारियों के हाथ में है। वैसे दुनिया भर में यह ट्रेंड तेजी से फॉलो हो रहा है। यहां जानें दुनिया की कुछ ऐसी कंपनियों के बारे में जिनमें नहीं है बॉस।

जप्पोस

यह अमरीकी कंपनी है और लास वेगस में इसका ऑफिस है। ऑनलाइन मार्केटिंग फर्म जप्पोस ने 2015 में ही बॉस का पद समाप्त कर दिया था। कंपनी के सीईओ टोनी हसी ने भी प्रबंधन पदों की व्यवस्था खत्म कर कारोबार की बागडोर 1500 कर्मचारियों के हाथ में दे दी। कंपनी ने काम के आधार पर कर्मचारियों को अलग अलग वर्गों में बांटा। बैठकों के जरिए हर समूह को उनकी भूमिका, जवाबदेही और लक्ष्य बता दिए।

जॉन लेविस

यह ब्रिटेन की रिटेल बिजनेस दिग्गज फर्म है। तीन साल पहले यहां भी बॉस सिस्टम को खत्म कर दिया गया था। जॉन लेविस ने अपने 80 जरा से ज्यादा कर्मचारियों के हाथों में कारोबार सौंप दिया है।

क्रिस्प

स्वीडिश सॉफ्टवेयर कंसलटेंसी फर्म क्रिस्प में भी पिछले तीन साल से कोई बॉस नहीं है। इसमें 100 से ज्यादा लोग काम करते हैं। दिलचस्प बात यह है कि फर्म के एक कर्मचारी के आइडिया पर ऐसा किया गया था। कंपनी ने जब से बॉस कल्चर को खत्म किया है, कंपनी बेहतर प्रदर्शन कर रही है।

Read More – टाटा दे रही है शानदार आॅफर, केवल 10 हजार रुपए में बुक करें ये कार

Read More – टाटा ला रही है नैनो मेगापिक्सल, 100 किलोमीटर प्रति लीटर होगी माइलेज